जी हाँ, आपने बिल्कुल सही पढ़ा। चेन्नई सुपर किंग्स ने एक ऐसे खिलाड़ी को अपना बैटिंग कोच बनाया है, जो अपने खेल के दिनों में बल्लेबाजी के लिए कभी जाना ही नहीं गया।

CSK ने इंग्लैंड के पूर्व स्पिनर गैरथ बैटी को अपना नया असिस्टेंट कोच-कम-बैटिंग कोच नियुक्त किया है। इस घोषणा ने सभी को हैरान कर दिया क्योंकि बैटी मुख्य रूप से एक गेंदबाज थे और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनका बल्लेबाजी रिकॉर्ड बेहद साधारण रहा।

इसलिए सबसे बड़ा सवाल बिल्कुल साफ है—जो खिलाड़ी खुद बल्ले से कोई खास प्रभाव नहीं छोड़ पाया, वह CSK जैसी सफल फ्रेंचाइजी के बल्लेबाजों को कैसे तैयार करेगा?

CSK ने अपने कोचिंग स्टाफ में किए बड़े बदलाव

चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने कोचिंग सेटअप को पूरी तरह बदल दिया है। इससे पहले माइक हसी टीम के बैटिंग कोच थे, लेकिन अब CSK ने एक नई दिशा में आगे बढ़ने का फैसला किया है।

भारत के पूर्व तेज गेंदबाज जहीर खान को हेड कोच नियुक्त किया गया है, जबकि CSK के पूर्व तेज गेंदबाज मोहित शर्मा को पेस-बॉलिंग कोच की जिम्मेदारी दी गई है।

गैरथ बैटी इस लीडरशिप ग्रुप में शामिल होने वाला नया नाम हैं। CSK ने उन्हें असिस्टेंट कोच-कम-बैटिंग कोच बनाया है।

हालांकि, उनके पद में शामिल “बैटिंग कोच” शब्द ने सभी को सबसे अधिक चौंकाया है।

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गैरथ बैटी मुख्य रूप से स्पिन गेंदबाज थे

गैरथ बैटी ने इंग्लैंड के लिए ऑफ-स्पिनर के रूप में क्रिकेट खेला। उन्होंने अपने देश के लिए 9 टेस्ट, 10 वनडे और एक T20I मुकाबला खेला।

बैटी ने टेस्ट क्रिकेट में 15 और वनडे में 5 विकेट लिए। अपने एकमात्र T20I मुकाबले में उन्हें कोई विकेट नहीं मिला।

उनके बल्लेबाजी आंकड़े CSK के फैसले को और भी ज्यादा चौंकाने वाला बनाते हैं। बैटी ने 9 टेस्ट मैचों में 14.90 की औसत से 149 रन बनाए। वनडे क्रिकेट में उनका बल्लेबाजी औसत केवल 5.00 था।

ये आंकड़े किसी विशेषज्ञ बल्लेबाज या अच्छे बैटिंग ऑलराउंडर के नहीं हैं। बैटी एक गेंदबाज थे, जो निचले क्रम में कभी-कभी कुछ रन बना सकते थे।

इसी कारण उन्हें बैटिंग कोच बनाए जाने के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं।

जो खिलाड़ी अपनी बल्लेबाजी तकनीक के लिए कभी नहीं जाना गया, वह CSK के विशेषज्ञ बल्लेबाजों की सहायता कैसे करेगा? उन्हें केवल असिस्टेंट कोच या स्पिन-बॉलिंग कोच क्यों नहीं बनाया गया?

इस फैसले का सबसे ज्यादा हैरान करने वाला पहलू यही है।

लेकिन गैरथ बैटी का एक दूसरा पक्ष भी है

बैटी का बल्लेबाजी रिकॉर्ड भले ही उनके नए पद को सही साबित न करता हो, लेकिन बतौर कोच उनकी उपलब्धियां निश्चित रूप से सम्मान के योग्य हैं।

उन्होंने अपने खेल के दिनों में सरे की कप्तानी की और अपनी नेतृत्व क्षमता तथा मैन-मैनेजमेंट के कारण अच्छी पहचान बनाई। संन्यास लेने के बाद वह सरे के कोचिंग सेटअप का अहम हिस्सा बन गए।

बैटी ने सरे को 2022, 2023 और 2024 में लगातार तीन काउंटी चैंपियनशिप खिताब दिलाए। एक बार चैंपियन बनना बड़ी उपलब्धि है, लेकिन लगातार तीन सीजन तक प्रतियोगिता में दबदबा बनाना साबित करता है कि उनकी सफलता कोई संयोग नहीं थी।

बैटी के नेतृत्व में सरे इंग्लैंड की घरेलू क्रिकेट की सबसे मजबूत टीमों में शामिल हो गई। रणनीतिक योजना, ड्रेसिंग रूम को संभालना और टीम में जीत की मानसिकता पैदा करना उनकी सबसे बड़ी खूबियां रहीं।

दो दशक से ज्यादा लंबे करियर में बैटी ने सैकड़ों पेशेवर मुकाबले भी खेले। इसलिए उनके अनुभव और खेल की समझ पर सवाल नहीं उठाया जा सकता।

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CSK की कहां सहायता कर सकते हैं गैरथ बैटी?

गैरथ बैटी निश्चित रूप से CSK के काम आ सकते हैं, लेकिन शायद उस जिम्मेदारी में नहीं जिसका संकेत उनका पद दे रहा है।

पूर्व ऑफ-स्पिनर होने के कारण बैटी फ्रेंचाइजी के स्पिन गेंदबाजी विभाग के साथ मिलकर काम कर सकते हैं। वह नियंत्रित और रक्षात्मक गेंदबाजी करने के लिए जाने जाते थे। आधुनिक T20 क्रिकेट में यह बेहद महत्वपूर्ण कौशल है, क्योंकि स्पिनरों पर लगातार आक्रमण किया जाता है।

उनका अनुभव CSK के गेंदबाजों को रन गति नियंत्रित करने, अपनी लेंथ में बदलाव करने और बल्लेबाजों के आक्रमण का सही जवाब देने में सहायता कर सकता है।

बैटी की नेतृत्व क्षमता CSK के लिए और भी ज्यादा उपयोगी साबित हो सकती है। उन्होंने सरे की कप्तानी करने के साथ टीम को लगातार तीन काउंटी चैंपियनशिप खिताब भी दिलाए हैं। अलग-अलग खिलाड़ियों को संभालने और सफल ड्रेसिंग रूम तैयार करने की उनकी क्षमता CSK के लिए बहुत उपयोगी हो सकती है। वह टीम की योजना, खिलाड़ियों के विकास और रणनीतिक फैसलों में भी सहायता कर सकते हैं। इस नजरिए से उन्हें असिस्टेंट कोच बनाना पूरी तरह समझ में आता है।